उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के राज्यपाल रहे अजीज कुरैशी ने अयोध्या प्रकरण पर कहा है कि सुप्रीम कोर्ट ने तथ्य नहीं आस्था के आधार पर निर्णय दिया है। अब यह अध्याय बंद हो चुका है। मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड को पुनर्विचार याचिका दायर नहीं करनी चाहिए।
आगरा के सर्किट हाउस में सोमवार को मीडिया से रूबरू होते हुए पूर्व राज्यपाल ने कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने का समर्थन किया, लेकिन इसके तरीके पर एतराज जताया। इस दौरान उन्होंने यूपी की योगी सरकार पर भी हमला बोला।
उन्होंने कहा कि अनुच्छेद 370 हटाने से पहले वहां की जनता और राजनीतिक दलों को भरोसे में लेना चाहिए था। महाराष्ट्र प्रकरण पर बोले कि रात में लोकतंत्र की हत्या हुई। संवैधानिक पदों पर बैठे लोग केंद्र की कठपुतली बन गए। वहां भाजपा की किरकिरी हुई और मुंह की खानी पड़ी।
रामपुर में आजम खान पर दर्ज किए जा रहे मुकदमों को उन्होंने राजनीतिक बताया। अजीज कुरैशी ने योगी सरकार पर हमला बोला। कहा कि मुख्यमंत्री योगी ने कुरैशी समाज के स्लाटर हाउस और मीट की दुकानें बंद करा दी, जिससे युवा बेरोजगार हो गए हैं।
प्रेसवार्ता के बाद पूर्व राज्यपाल ने बिल्लोचपुरा दरगाह पर चादरपोशी की। इस दौरान डॉ. सिराज कुरैशी, मुबारक हुसैन कुरेशी, मोहम्मद शरीफ काले साथ रहे।